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फ्रांस में भड़की विरोध की आग: 17 अक्टूबर को सड़कों पर उतरे लाखों लोग, पेरिस सहित कई शहरों में हिंसक झड़पें

शैलेन्द्र कुमार  पेरिस:  फ्रांस में 17 अक्टूबर को हुए राष्ट्रव्यापी प्रदर्शनों के दौरान स्थिति बेहद तनावपूर्ण हो गई और कई इलाकों में भयंकर हिंसा भड़क उठी। देश भर में सरकार की नीतियों, महंगाई और बुनियादी सुविधाओं की बदहाली के खिलाफ लाखों लोग सड़कों पर उतर आए। रिपोर्ट्स और सोशल मीडिया पर आ रही तस्वीरों के अनुसार, शनिवार को लगभग साढ़े पांच लाख (5.5 लाख) से अधिक लोग पूरे फ्रांस में विरोध प्रदर्शन करने के लिए एकजुट हुए। इनमें से केवल राजधानी पेरिस में ही एक लाख से ज्यादा प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतरे थे। आंदोलन की शुरुआत और छात्रों का गुस्सा इस व्यापक आंदोलन की शुरुआत मूल रूप से छात्र आंदोलन के रूप में हुई थी। छात्रों का यह गुस्सा स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी, जर्जर होती इमारतों और शिक्षा क्षेत्र में खराब होती सुविधाओं के खिलाफ था। हालांकि, देखते ही देखते यह आंदोलन सिर्फ छात्रों तक सीमित न रहकर आम जनता के बड़े मुद्दों से जुड़ गया। देश में बढ़ती महंगाई, ईंधन की आसमान छूती कीमतें और सार्वजनिक सेवाओं के लगातार गिरते स्तर ने लोगों के आक्रोश को और बढ़ा दिया, जिससे यह प्रदर्शन एक बड़े ...

फ्रांस में भड़की विरोध की आग: 17 अक्टूबर को सड़कों पर उतरे लाखों लोग, पेरिस सहित कई शहरों में हिंसक झड़पें

शैलेन्द्र कुमार  पेरिस:  फ्रांस में 17 अक्टूबर को हुए राष्ट्रव्यापी प्रदर्शनों के दौरान स्थिति बेहद तनावपूर्ण हो गई और कई इलाकों में भयंकर हिंसा भड़क उठी। देश भर में सरकार की नीतियों, महंगाई और बुनियादी सुविधाओं की बदहाली के खिलाफ लाखों लोग सड़कों पर उतर आए। रिपोर्ट्स और सोशल मीडिया पर आ रही तस्वीरों के अनुसार, शनिवार को लगभग साढ़े पांच लाख (5.5 लाख) से अधिक लोग पूरे फ्रांस में विरोध प्रदर्शन करने के लिए एकजुट हुए। इनमें से केवल राजधानी पेरिस में ही एक लाख से ज्यादा प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतरे थे। आंदोलन की शुरुआत और छात्रों का गुस्सा इस व्यापक आंदोलन की शुरुआत मूल रूप से छात्र आंदोलन के रूप में हुई थी। छात्रों का यह गुस्सा स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी, जर्जर होती इमारतों और शिक्षा क्षेत्र में खराब होती सुविधाओं के खिलाफ था। हालांकि, देखते ही देखते यह आंदोलन सिर्फ छात्रों तक सीमित न रहकर आम जनता के बड़े मुद्दों से जुड़ गया। देश में बढ़ती महंगाई, ईंधन की आसमान छूती कीमतें और सार्वजनिक सेवाओं के लगातार गिरते स्तर ने लोगों के आक्रोश को और बढ़ा दिया, जिससे यह प्रदर्शन एक बड़े ...

पटना जिला प्रशासन की बड़ी पहल: दीपावली से पहले चमकेगा शहर, खराब स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत का काम 'मिशन मोड' में जारी

शैलेन्द्र कुमार  पटना, बिहार; आगामी त्योहार दीपावली को देखते हुए पटना जिला प्रशासन ने शहर और आसपास के क्षेत्रों को रोशन करने के लिए एक विशेष अभियान शुरू किया है। जिला प्रशासन द्वारा जिले भर में खराब पड़ी स्ट्रीट लाइटों को ठीक करने का कार्य अत्यंत तीव्रता के साथ 'मिशन मोड' में चलाया जा रहा है। इस कदम का मुख्य उद्देश्य दीपावली के पावन अवसर पर आम जनता को निर्बाध प्रकाश व्यवस्था प्रदान करना तथा सड़कों पर रात्रि सुरक्षा को बेहतर बनाना है। 1,55,984 लाइटों में से 32,988 पाई गईं खराब जिला प्रशासन द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी के अनुसार, जिले के विभिन्न सरकारी विभागों और निकायों द्वारा पटना जिले में कुल 1,55,984 स्ट्रीट लाइटें स्थापित की गई हैं। समय-समय पर रखरखाव की कमी और विभिन्न तकनीकी कारणों से इनमें से 32,988 स्ट्रीट लाइटें खराब या बंद स्थिति में पाई गईं। इतनी बड़ी संख्या में लाइटों के बंद होने से कई इलाकों में रात के समय अंधेरा छा जाता था, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। अब तक 16,864 स्ट्रीट लाइटें की गईं दुरुस्त समस्या की गंभीरता को समझते हुए ...

कोलकाता के चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में दर्दनाक हादसा: बारिश से बचने की होड़ में मची भगदड़, कई लोगों की मौत की आशंका और दर्जनों घायल

कोलकाता N5 शैलेन्द्र कुमार:  पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के चोरबागान सार्वजनिक दुर्गा पूजा पंडाल में महासप्तमी की शाम एक बेहद भीषण दुर्घटना घटित हुई। उत्सव के माहौल के बीच अचानक हुई भारी बारिश से बचने और खुद व अपने बच्चों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने की होड़ में पंडाल परिसर में अफरा-तफरी मच गई, जिसके बाद भीषण भगदड़ की स्थिति उत्पन्न हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, सप्तमी की शाम पंडाल में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उपस्थित थी। इसी दौरान एकाएक मौसम बदला और तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश से बचने के लिए लोग एक साथ सुरक्षित स्थानों और आश्रय की ओर भागे, जिससे पंडाल का एक हिस्सा ढह गया और देखते ही देखते वहां भगदड़ मच गई। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय नागरिक, पुलिस प्रशासन और स्थानीय विधायक तुरंत मौके पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। प्रत्यक्षदर्शी के अनुसार, स्थानीय प्रशासन और पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए व्यवस्था संभाली और नागरिकों के सहयोग से घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में पहुंचाने का काम शुरू किया। अलग-अलग रिपोर्ट्स और प्रशासनिक बयानों के अनुसार हताहतों की संख्या सा...

गोपालगंज में सनसनीखेज वारदात: 12 साल की बच्ची की हत्या, परिजनों ने आरोपी के मुख्य गेट पर चिता सजाकर किया अंतिम संस्कार

गोपालगंज में सनसनीखेज वारदात: 12 साल की बच्ची की हत्या, परिजनों ने आरोपी के मुख्य गेट पर चिता सजाकर किया अंतिम संस्कार गोपालगंज (बिहार): बिहार के गोपालगंज जिले के थावे थाना क्षेत्र स्थित खानपुर अजमत गांव से एक दिल दहला देने वाली और सनसनीखेज घटना सामने आई है। यहां 12 वर्षीय संजना कुमारी की संदिग्ध परिस्थितियों में हत्या कर दी गई, जिसके बाद गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने आरोपी के घर के मुख्य गेट के ठीक सामने ही बच्ची की चिता सजाकर उसका अंतिम संस्कार कर दिया। इस अनोखे और कड़े विरोध प्रदर्शन के दौरान मौके पर पुलिस बल भी तैनात रहा। 12 अक्टूबर से लापता थी बच्ची प्राप्त जानकारी के अनुसार, खानपुर अजमत की रहने वाली 12 साल की संजना कुमारी बीते 12 अक्टूबर को अचानक अपने घर से लापता हो गई थी। परिजनों ने काफी समय तक उसकी तलाश की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिल सका। परिजनों का आरोप है कि पड़ोस की ही एक बुजुर्ग महिला ने साबुन लाने के बहाने संजना को अपने पास बुलाया था। आरोप है कि इसके बाद षड्यंत्र के तहत उसकी हत्या कर दी गई। बच्ची के गायब होने के बाद से ही परिवार में कोहराम मचा हुआ था और परिजन लगातार अ...

फ्रांस में भड़की विरोध की आग: 17 अक्टूबर को सड़कों पर उतरे लाखों लोग, पेरिस सहित कई शहरों में हिंसक झड़पें

शैलेन्द्र कुमार  पेरिस:  फ्रांस में 17 अक्टूबर को हुए राष्ट्रव्यापी प्रदर्शनों के दौरान स्थिति बेहद तनावपूर्ण हो गई और कई इलाकों में भयंकर हिंसा भड़क उठी। देश भर में सरकार की नीतियों, महंगाई और बुनियादी सुविधाओं की बदहाली के खिलाफ लाखों लोग सड़कों पर उतर आए। रिपोर्ट्स और सोशल मीडिया पर आ रही तस्वीरों के अनुसार, शनिवार को लगभग साढ़े पांच लाख (5.5 लाख) से अधिक लोग पूरे फ्रांस में विरोध प्रदर्शन करने के लिए एकजुट हुए। इनमें से केवल राजधानी पेरिस में ही एक लाख से ज्यादा प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतरे थे। आंदोलन की शुरुआत और छात्रों का गुस्सा इस व्यापक आंदोलन की शुरुआत मूल रूप से छात्र आंदोलन के रूप में हुई थी। छात्रों का यह गुस्सा स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी, जर्जर होती इमारतों और शिक्षा क्षेत्र में खराब होती सुविधाओं के खिलाफ था। हालांकि, देखते ही देखते यह आंदोलन सिर्फ छात्रों तक सीमित न रहकर आम जनता के बड़े मुद्दों से जुड़ गया। देश में बढ़ती महंगाई, ईंधन की आसमान छूती कीमतें और सार्वजनिक सेवाओं के लगातार गिरते स्तर ने लोगों के आक्रोश को और बढ़ा दिया, जिससे यह प्रदर्शन एक बड़े ...

पटना जिला प्रशासन की बड़ी पहल: दीपावली से पहले चमकेगा शहर, खराब स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत का काम 'मिशन मोड' में जारी

शैलेन्द्र कुमार  पटना, बिहार; आगामी त्योहार दीपावली को देखते हुए पटना जिला प्रशासन ने शहर और आसपास के क्षेत्रों को रोशन करने के लिए एक विशेष अभियान शुरू किया है। जिला प्रशासन द्वारा जिले भर में खराब पड़ी स्ट्रीट लाइटों को ठीक करने का कार्य अत्यंत तीव्रता के साथ 'मिशन मोड' में चलाया जा रहा है। इस कदम का मुख्य उद्देश्य दीपावली के पावन अवसर पर आम जनता को निर्बाध प्रकाश व्यवस्था प्रदान करना तथा सड़कों पर रात्रि सुरक्षा को बेहतर बनाना है। 1,55,984 लाइटों में से 32,988 पाई गईं खराब जिला प्रशासन द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी के अनुसार, जिले के विभिन्न सरकारी विभागों और निकायों द्वारा पटना जिले में कुल 1,55,984 स्ट्रीट लाइटें स्थापित की गई हैं। समय-समय पर रखरखाव की कमी और विभिन्न तकनीकी कारणों से इनमें से 32,988 स्ट्रीट लाइटें खराब या बंद स्थिति में पाई गईं। इतनी बड़ी संख्या में लाइटों के बंद होने से कई इलाकों में रात के समय अंधेरा छा जाता था, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था। अब तक 16,864 स्ट्रीट लाइटें की गईं दुरुस्त समस्या की गंभीरता को समझते हुए ...

कोलकाता के चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में दर्दनाक हादसा: बारिश से बचने की होड़ में मची भगदड़, कई लोगों की मौत की आशंका और दर्जनों घायल

कोलकाता N5 शैलेन्द्र कुमार:  पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के चोरबागान सार्वजनिक दुर्गा पूजा पंडाल में महासप्तमी की शाम एक बेहद भीषण दुर्घटना घटित हुई। उत्सव के माहौल के बीच अचानक हुई भारी बारिश से बचने और खुद व अपने बच्चों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने की होड़ में पंडाल परिसर में अफरा-तफरी मच गई, जिसके बाद भीषण भगदड़ की स्थिति उत्पन्न हो गई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, सप्तमी की शाम पंडाल में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उपस्थित थी। इसी दौरान एकाएक मौसम बदला और तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश से बचने के लिए लोग एक साथ सुरक्षित स्थानों और आश्रय की ओर भागे, जिससे पंडाल का एक हिस्सा ढह गया और देखते ही देखते वहां भगदड़ मच गई। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय नागरिक, पुलिस प्रशासन और स्थानीय विधायक तुरंत मौके पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। प्रत्यक्षदर्शी के अनुसार, स्थानीय प्रशासन और पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए व्यवस्था संभाली और नागरिकों के सहयोग से घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में पहुंचाने का काम शुरू किया। अलग-अलग रिपोर्ट्स और प्रशासनिक बयानों के अनुसार हताहतों की संख्या सा...

गोपालगंज में सनसनीखेज वारदात: 12 साल की बच्ची की हत्या, परिजनों ने आरोपी के मुख्य गेट पर चिता सजाकर किया अंतिम संस्कार

गोपालगंज में सनसनीखेज वारदात: 12 साल की बच्ची की हत्या, परिजनों ने आरोपी के मुख्य गेट पर चिता सजाकर किया अंतिम संस्कार गोपालगंज (बिहार): बिहार के गोपालगंज जिले के थावे थाना क्षेत्र स्थित खानपुर अजमत गांव से एक दिल दहला देने वाली और सनसनीखेज घटना सामने आई है। यहां 12 वर्षीय संजना कुमारी की संदिग्ध परिस्थितियों में हत्या कर दी गई, जिसके बाद गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने आरोपी के घर के मुख्य गेट के ठीक सामने ही बच्ची की चिता सजाकर उसका अंतिम संस्कार कर दिया। इस अनोखे और कड़े विरोध प्रदर्शन के दौरान मौके पर पुलिस बल भी तैनात रहा। 12 अक्टूबर से लापता थी बच्ची प्राप्त जानकारी के अनुसार, खानपुर अजमत की रहने वाली 12 साल की संजना कुमारी बीते 12 अक्टूबर को अचानक अपने घर से लापता हो गई थी। परिजनों ने काफी समय तक उसकी तलाश की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिल सका। परिजनों का आरोप है कि पड़ोस की ही एक बुजुर्ग महिला ने साबुन लाने के बहाने संजना को अपने पास बुलाया था। आरोप है कि इसके बाद षड्यंत्र के तहत उसकी हत्या कर दी गई। बच्ची के गायब होने के बाद से ही परिवार में कोहराम मचा हुआ था और परिजन लगातार अ...